जालंधर (मेजर टाइम्स)। जालंधर से आम आदमी पार्टी (AAP) के पार्षद मनमोहन सिंह राजू और उनके दो बेटों पर एनआरआई (NRI) की मौत के बाद निरस्त हो चुकी पावर ऑफ अटॉर्नी का गलत इस्तेमाल कर जमीनों की अवैध रजिस्ट्री कराने और धोखाधड़ी करने के गंभीर आरोप लगे हैं। जिला कांग्रेस के वरिष्ठ उपाध्यक्ष दीनानाथ जायसवाल ने इस संबंध में डिप्टी कमिश्नर (DC) जालंधर को लिखित शिकायत सौंपकर निष्पक्ष जांच और आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। शनिवार को पंजाब प्रेस क्लब में होई प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान दीनानाथ जायसवाल उक्त मांगें रखी।

मृतक एनआरआई की पावर ऑफ अटॉर्नी से 11 रजिस्ट्री कराने का आरोप
कांग्रेस नेता द्वारा उपायुक्त कार्यालय में सौंपी गई शिकायत के अनुसार मुख्य बिंदु इस प्रकार हैं:
अमेरिका निवासी एनआरआई से जुड़ा मामला: गांव लद्देवाली (तहसील व जिला जालंधर) स्थित लगभग 40 मरला जमीन के संबंध में अमेरिका (USA) निवासी दलमिंदर सिंह मिन्हास द्वारा सुमित सिंह के नाम पर एक ‘जनरल पावर ऑफ अटॉर्नी’ (GPA) की गई थी।
सेल डीड से पहले हुई अटॉर्नी देने वाले की मौत: शिकायतकर्ता का दावा है कि पावर ऑफ अटॉर्नी देने वाले एनआरआई दलमिंदर सिंह की 30 अगस्त 2026 को मृत्यु हो गई थी, जिसकी जानकारी उनके परिजनों द्वारा सोशल मीडिया पर भी साझा की गई थी।
मृत्यु के बाद की गईं 11 रजिस्ट्रियां: आरोप है कि अटॉर्नी देने वाले की मौत के बावजूद सुमित सिंह, पार्षद मनमोहन सिंह राजू और जसमीत सिंह ने जानबूझकर सितंबर 2026 के दौरान विभिन्न तिथियों में कुल 11 सेल डीड निष्पादित कराईं। कानून के मुताबिक पावर ऑफ अटॉर्नी देने वाले व्यक्ति की मृत्यु होते ही अटॉर्नी स्वतः रद्द हो जाती है।
कानून की नजर में फर्जी हैं डीड: शिकायतकर्ता दीना नाथ जयसवाल का कहना है कि कानूनन मृत व्यक्ति के नाम पर निरस्त हो चुकी अटॉर्नी के आधार पर की गई सभी 11 सेल डीड पूरी तरह से अवैध है।
शिकायत में उल्लेख किया गया है कि पार्षद के दूसरे बेटे जसमीत सिंह उक्त अवैध सेल डीड में गवाह के तौर पर शामिल हुए हैं, जिससे यह साफ होता है कि पूरी जालसाजी सोची-समझी साजिश के तहत की गई।
सरकारी खजाने का गबन: कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि आरोपियों ने सरकारी तंत्र का दुरुपयोग कर धोखाधड़ी की और सरकारी खजाने तथा आम लोगों को वित्तीय नुकसान पहुंचाया।
निष्पक्ष जांच और एफआईआर दर्ज करने की मांग
जालंधर सेंट्रल क्षेत्र से कांग्रेसी नेता दीना नाथ जयसवाल ने डिप्टी कमिश्नर जालंधर से मांग की है कि मामले की संवेदनशीलता और भ्रष्टाचार के आरोपों को देखते हुए इसकी उच्चस्तरीय जांच करवाई जाए तथा कानून का उल्लंघन करने वाले आरोपियों के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाए।
फिलहाल इस मामले में आम आदमी पार्टी के पार्षद मनमोहन सिंह राजू या जिला प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
